भोपाल के निशातपुरा थाना क्षेत्र स्थित अमन कॉलोनी के ईरानी डेरे में छिपे दो फरार आरोपितों को पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई में गिरफ्तार किया है। बुधवार शाम करीब 50 पुलिसकर्मियों की टीमों ने इलाके की घेराबंदी कर दबिश दी। कार्रवाई में 17 हजार रुपये का इनामी बदमाश सालिक उर्फ रेहान ईरानी और पन्ना जिले में लूट व चोरी के मामलों में वांछित रिजवान हुसैन पुलिस के हत्थे चढ़ गए। दोनों आरोपित लंबे समय से फरार चल रहे थे और अलग-अलग जिलों की पुलिस उनकी तलाश कर रही थी।
डेरे में छिपे होने की सूचना पर हुई कार्रवाई
पुलिस को इनपुट मिला था कि कई मामलों में वांछित अपराधी अमन कॉलोनी स्थित ईरानी डेरे में शरण लिए हुए हैं। इसके बाद निशातपुरा, छोला मंदिर और गांधीनगर थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाया। दबिश के दौरान निगरानी बदमाश सालिक उर्फ रेहान ईरानी को गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस के अनुसार सालिक के खिलाफ भोपाल समेत प्रदेश के कई जिलों में लूट, चोरी, जालसाजी, मारपीट और हत्या के प्रयास जैसे गंभीर अपराध दर्ज हैं। उस पर बैतूल के रानीपुर थाना क्षेत्र के मामले में 10 हजार रुपये, रायसेन कोतवाली के प्रकरण में 5 हजार रुपये और भोपाल के पिपलानी थाने के मामले में 2 हजार रुपये का इनाम घोषित था। उसके खिलाफ अदालत से गिरफ्तारी वारंट भी जारी था।
24 से ज्यादा मामलों में नाम, पहले भी हो चुका है गिरफ्तार
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक सालिक उर्फ रेहान ईरानी के खिलाफ 24 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह पहले भी गिरफ्तारी के बाद जेल जा चुका है। पुलिस पर हमला करने और अन्य गंभीर अपराधों के मामलों में भी उसका नाम सामने आया है। निशातपुरा पुलिस ने उसे अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया है। बताया जा रहा है कि रीवा और घोड़ाडोंगरी पुलिस भी उससे पूछताछ की तैयारी कर रही है।
पन्ना की लूटकांड जांच में अहम गिरफ्तारी
कार्रवाई के दौरान पन्ना जिले में हाल के दिनों में हुई लूट और चोरी की घटनाओं में वांछित रिजवान हुसैन को भी पकड़ा गया। पुलिस के मुताबिक उसके खिलाफ मध्यप्रदेश के अलावा अन्य राज्यों में भी चोरी, लूट, जालसाजी और मारपीट के करीब 15 मामले दर्ज हैं।
जांच एजेंसियों का मानना है कि रिजवान पन्ना जिले में हुई तीन लूट की घटनाओं और एक ज्वेलरी दुकान चोरी प्रकरण में अहम कड़ी हो सकता है। पन्ना पुलिस उसे पूछताछ के लिए अपने साथ ले गई है।
सिर्फ गिरफ्तारी नहीं, बड़े नेटवर्क की तलाश
इस कार्रवाई का महत्व केवल दो आरोपितों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं माना जा रहा। पिछले कुछ महीनों में अमन कॉलोनी स्थित ईरानी डेरा कई बार पुलिस और जांच एजेंसियों के निशाने पर रहा है। पहले की कार्रवाई में भी यहां से ऐसे आरोपित मिले थे जिनके खिलाफ मध्यप्रदेश के अलावा कई राज्यों में अपराध दर्ज थे। जांच एजेंसियां इस इलाके को अंतरराज्यीय अपराधियों के संभावित ठिकाने के रूप में भी देख रही हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सालिक और रिजवान से पूछताछ के दौरान फरार साथियों, सक्रिय गिरोहों और हाल की वारदातों से जुड़े महत्वपूर्ण सुराग मिलने की उम्मीद है। इसी आधार पर आगे अन्य जिलों की पुलिस भी दोनों आरोपितों से पूछताछ कर सकती है।
