पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड पर सोशल मीडिया पर की गई विवादित टिप्पणी के बाद मध्य प्रदेश की डेंटिस्ट डॉ. मुस्कान सोनी के खिलाफ बड़ा कदम उठाया गया है। ऑल इंडिया डेंटल स्टूडेंट्स एंड सर्जन्स एसोसिएशन (AIDSA) ने उन्हें संगठन की सदस्यता और सभी पदों से तत्काल प्रभाव से पांच वर्ष के लिए निलंबित कर दिया है। संगठन का कहना है कि उनकी टिप्पणी उसके संविधान, आचार संहिता और नैतिक मूल्यों के विपरीत है।
क्या था विवाद?
विवाद उस समय शुरू हुआ जब डॉ. मुस्कान सोनी ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर लगभग 19 सेकंड की एक वीडियो स्टोरी साझा की। वीडियो में उन्होंने कथित तौर पर पुणे के कारोबारी केतन अग्रवाल की हत्या का मजाक उड़ाते हुए #IHateMen हैशटैग का इस्तेमाल किया और ऐसी बातें कहीं जिन्हें सोशल मीडिया पर असंवेदनशील और आपत्तिजनक माना गया।
वीडियो वायरल होने के बाद विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर उनकी तीखी आलोचना हुई और बड़ी संख्या में लोगों ने उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
AIDSA ने आदेश में क्या कहा?
AIDSA द्वारा जारी निलंबन आदेश में कहा गया कि डॉ. मुस्कान सोनी ने दिवंगत केतन अग्रवाल के संबंध में अनुचित, अपमानजनक और असम्मानजनक टिप्पणी की, जो संगठन की आचार संहिता का उल्लंघन है।
आदेश के अनुसार, अगले पांच वर्षों तक वह संगठन के किसी भी पद, समिति, कार्यक्रम या आधिकारिक गतिविधि में भाग नहीं ले सकेंगी। यह कार्रवाई तत्काल प्रभाव से लागू की गई है और सक्षम प्राधिकारी के निर्णय तक प्रभावी रहेगी।
विवाद बढ़ने पर मांगी माफी
सोशल मीडिया पर आलोचना तेज होने के बाद डॉ. मुस्कान सोनी ने एक वीडियो जारी कर अपने शब्दों के लिए सार्वजनिक रूप से माफी मांगी। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य किसी की मृत्यु का मजाक उड़ाना नहीं था और उन्होंने स्वीकार किया कि उनके द्वारा इस्तेमाल किए गए शब्द अनुचित थे।
उन्होंने यह भी दावा किया कि पहले की एक पोस्ट में उन्होंने घटना पर दुख जताया था, लेकिन बाद में साझा किए गए वीडियो ने अलग संदेश दिया, जिसके कारण विवाद खड़ा हो गया। साथ ही उन्होंने ऑनलाइन ट्रोलिंग और अपमानजनक संदेश मिलने की भी शिकायत की।
केतन अग्रवाल हत्याकांड क्या है?
महाराष्ट्र के पुणे में 26 वर्षीय रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल की मौत का मामला इन दिनों चर्चा में है। पुलिस के अनुसार, इस मामले में उनकी मंगेतर सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी पर हत्या की साजिश रचने के आरोप हैं। जांच अभी जारी है और मामले की सुनवाई न्यायिक प्रक्रिया के तहत चल रही है। आरोपों पर अंतिम निर्णय अदालत द्वारा ही किया जाएगा।
