भोपाल। मध्य प्रदेश की चुनावी सियासत में सट्टा की एंट्री हो गई है। सट्टा बाजार ने एक बार फिर पलटी मारी है। इस बार सट्टा बाजार ने प्रदेश में कुल 230 सीटों में कांग्रेस (CONGRESS) को 116 से 120 सीट दी हैं। वहीं बीजेपी (BJP) को 105 से 110 सीट दी हैं। सट्टा बाजार में प्रदेश की वीआईपी सीट पर भी अपने भाव खोल दिए हैं। इससे पहले इसी सट्टा बाजार ने बीजेपी को बहुमत दिया था।
दरअसल, यह सट्टा भी राजस्थान (Rajasthan) के फलोदी से संचालित होता है। सटोरियों के गलियारों में भाजपा के वीआईपी प्रत्याशियों के भाव भी खोले हैं। इसमें केंद्रीय मंत्री प्रहलाद पटेल, नरेंद्र सिंह तोमर, फग्गन सिंह कुलस्ते, कैलाश विजयवर्गीय, राकेश सिंह समेत अन्य नाम भी शामिल हैं, लेकिन आश्चर्य की बात यह है कि सट्टेबाजों की दुनिया में इन सीटों पर कांग्रेस को आगे बताया गया है। इधर, वीवीआईपी सीट छिंदवाड़ा (Chhindwara) और बुदनी (Budhni) को लेकर सट्टा ओपन नहीं किया गया है।
इस मामले पर कांग्रेस के प्रवक्ता संतोष परिहार ने कहा कि कांग्रेस ऐसे गैरकानूनी गतिविधियों पर विचार मंथन नहीं करती है। साथ ही उन्होंने दावा किया कि इसमें दो मत नहीं कि इस बार पूर्ण बहुमत के साथ कांग्रेस मध्यप्रदेश में सरकार बनाएगी।
वहीं सट्टे की दुनिया में बीजेपी को कांग्रेस से कम सीट देने पर भाजपा ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी है। प्रदेश बीजेपी प्रवक्ता पंकज चतुर्वेदी (Pankaj Chaturvedi) का कहना है कि किसी भी असंवैधानिक कार्यों से BJP का लेना देना नहीं होता। सट्टे से सत्ता तक पहुंचने की मंशा कांग्रेस जैसे संगठनों की है। इसके साथ ही उन्होंने भी भाजपा के प्रचंड बहुमत से प्रदेश की सत्ता में काबिज होने का दावा किया है।

